देश और हमारी सेना अभिनंदन के जज्बे को सलाम करती है

साठसाला लड़ाकू विमान से दुश्मन के देश में घुसकर हमारे देश पर हमला करने आ रहे उसके फौजी विमानों को खदेड़ने तथा मिसाइल युक्त उसके विमान को धराशायी करने वाला भारतीय सेना का जाबाज हीरो विंग कमांडर अभिनंदन करीब साठ घंटे दुश्मन देश के बंधन में रहने के बाद आखिरकार देर रात शेरे बबर की तरह मूंछों पर ताव देता हुआ अपने वतन वापस आ गया है। देशवासी उसके बाघा बार्डर पर आने के बाद से ही अभिनंदन का अभिनंदन कर रहे है। सभी जानते है कि अभिनंदन दो दिन पहले दुश्मनों के मनसूबों को मिट्टी में मिलाने के लिये एक साठ साला रिटायर होने वाले लड़ाकू विमान से उनके विमानो को मार भगाने पाक अधिकृत कश्मीर में घुस गये थे।वह दुश्मन के मिसाइल लदं विमान को ध्वस्त करके वापस लौटते समय विमान क्रैस हो जाने पर पैराशूट से कूद गये थे। उन्हें पाकिस्तान की सेना ने घायल करके बंधक बना लिया था। अभिनंदन की सकुशल रिहाई के लिए हमारी सरकार और देशवासी सभी परेशान थे। सरकार के कठोर रूख के बाद घबड़ाकर दुश्मन पाकिस्तान ने परसो ही उसे बिनाशर्त रिहा करने की घोषणा की थी।कल सुबह से उसके अभिनंदन के लिये बाघा बार्डर पर हमारी सेना सुरक्षा बल और हजारों लोग पहुंच गए थे।  उसे सुबह दस बजे रिहा करने के लिये कहा गया था, लेकिन पाकिस्तान की मक्कारी एवं सौदेबाजी के चलते उसे सुबह की जगह देर रात रिहा किया जा सका।एक तरफ तो पाकिस्तान दुनिया के सामने शांतिदूत बनने का नाटक कर रहा है दूसरी तरफ वह अभिनंदन की रिहाई के समय नखरे दिखाकर सीमा पर सीजफायर का उल्लघंन कर रहा था।


इतना ही नहीं उसके पालतू आतंकी घाटी में हमारे सुरक्षा बलों पर गोलियां बरसाकर हमारे जवानों का खून बहा रहे थे।अभिनंदन की रिहाई पाकिस्तान ने हिंसा के बीच किया जिससे साफ हो गया है कि पाकिस्तान शांति नहीं बल्कि अशांति का दूत है और गिरगिट की तरह रंग बदलने की उसकी पुरानी आदत आज भी बरकरार है और अमन की दुहाई मात्र उसका नाटक है। अभिनंदन को गिरफ्तार करके उसने जनेवा समझौते का उल्लघंन किया है और उसे इसकी सजा मिलनी चाहिए।विंग कमांडर मौत और दुश्मनों के मनसूबों को मात देता हुआ रात करीब बारह बजे सेना के अधिकारियों के साथ दिल्ली पहुंच गया है, जहां पर उसके परिवार के साथ पूरे देश ने उसका भव्य अभिनंदन किया है।  उसका मेडिकल चेकअप कराने के बाद उससे पाकिस्तानी हरकतों से बारे में जानकारी ली । अभिनंदन देशभक्ति के चरम पर पहुंचकर देश एवं हमारी सेना का हीरो बनकर प्रेरणास्रोत एवं ऐतहासिक बन गया है। हमारा देश और हमारी सेना उसके जज्बे को सलाम करती है।